प्रयागराज न्यूज डेस्क: प्रयागराज के बहरिया थाना क्षेत्र में खेत के चारों ओर लगाए गए करंट प्रवाहित तार की चपेट में आने से चाचा और भतीजे की दर्दनाक मौत हो गई। इस घटना के बाद गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है। परिजनों और ग्रामीणों ने हंगामा करते हुए शव उठाने से इनकार कर दिया और आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग पर अड़ गए।
मृतकों की पहचान खालसा गांव निवासी 28 वर्षीय कमलेश यादव और उनके 13 वर्षीय भतीजे अर्पित उर्फ प्रिंस के रूप में हुई है। कमलेश शहर में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे थे, जबकि प्रिंस चौथी कक्षा का छात्र और अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था।
बताया गया कि बुधवार दोपहर दोनों धान की रोपाई के लिए खेत जा रहे थे। इसी दौरान वे एक खेत के पास पहुंचे, जहां मक्के की फसल को आवारा पशुओं से बचाने के लिए तार में करंट प्रवाहित किया गया था। करंट की चपेट में आते ही दोनों जमीन पर गिर पड़े। आसपास मौजूद लोग उन्हें तुरंत अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया।
घटना की सूचना मिलते ही बहरिया पुलिस और एसीपी फूलपुर मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। इस दौरान विधायक गीता पासी भी गांव पहुंचीं। उधर, प्रिंस की मौत से उसकी मां अर्चना देवी का रो-रोकर बुरा हाल है।
पुलिस ने पीड़ित पक्ष की तहरीर के आधार पर नागेंद्र बहादुर सिंह और विनय प्रताप सिंह के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। दोनों आरोपित घटना के बाद से फरार बताए जा रहे हैं। एहतियात के तौर पर गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है और मामले की जांच जारी है।