प्रयागराज न्यूज डेस्क: प्रयागराज जिले के गंगापार स्थित मऊआइमा थाना क्षेत्र के बोड़ीपुर धरौता गांव से एक अत्यंत दुखद और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहाँ 65 वर्षीया लल्ली देवी ने गंभीर आर्थिक तंगी और मानसिक तनाव के चलते अपने ही घर में फंदे से लटककर जान दे दी। हृदयविदारक बात यह है कि उसी कमरे में उनका मानसिक रूप से कमजोर बेटा कई दिनों तक अपनी मां के शव के साथ मौजूद रहा।
घटना का खुलासा रविवार सुबह तब हुआ जब पड़ोसियों को घर से तेज दुर्गंध महसूस हुई। ग्रामीणों ने जब घर के भीतर झांका, तो दंग रह गए। लल्ली देवी का शव फंदे से लटका हुआ था और उनका छोटा बेटा राज बहादुर पास ही जमीन पर बैठा हुआ था। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लिया। लाश की हालत देखकर अंदेशा जताया जा रहा है कि यह घटना करीब चार से पांच दिन पहले की है।
ग्रामीणों और पूर्व प्रधान भगेलू सरोज के अनुसार, परिवार लंबे समय से बेहद गरीबी और कर्ज के बोझ तले दबा हुआ था। परिवार की 15 बिस्वा जमीन गिरवी पड़ी है। बड़ा बेटा समर बहादुर, जो दिल्ली में काम करता है, उसने मकान बनवाने के लिए स्वयं सहायता समूह से कर्ज लिया था। कर्ज की किश्तें न चुका पाने के कारण समूह के लोग आए दिन घर आकर दबाव बनाते थे, जिससे परेशान होकर वह दिल्ली चला गया था। घर की पूरी जिम्मेदारी बुजुर्ग लल्ली देवी पर थी, जो आर्थिक तंगी और अपने मानसिक रूप से अस्वस्थ छोटे बेटे की स्थिति को लेकर गहरे तनाव में थीं।
मऊआइमा थाना प्रभारी पंकज अवस्थी ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और मामले की सघन जांच की जा रही है। वहीं, तहसीलदार सोरांव बृजेश कुमार ने मामले का संज्ञान लेते हुए आश्वासन दिया है कि जांच के बाद पीड़ित परिवार को हर संभव सरकारी और आर्थिक मदद मुहैया कराई जाएगी।